नीम का दातुन इस्तेमाल करने के गजब के फायदे: जानिए क्यों आज भी टूथपेस्ट से बेहतर है यह प्राकृतिक तरीका

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आजकल बाजार में दांतों की सफाई और उन्हें चमकाने के लिए तरह-तरह के टूथपेस्ट और प्लास्टिक के ब्रश मौजूद हैं। लेकिन कई बार महंगे पेस्ट इस्तेमाल करने के बावजूद लोगों को दांतों में कीड़ा लगने, मसूड़ों से खून आने या मुंह की बदबू जैसी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। हमारे बुजुर्ग हमेशा से दांतों और मसूड़ों को मजबूत रखने के लिए नीम के दातुन का इस्तेमाल करते आए हैं। आयुर्वेद में भी नीम को दांतों के स्वास्थ्य के लिए सबसे बेहतरीन माना गया है। अगर आप भी अपने दांतों को जिंदगी भर मजबूत और चमकदार बनाए रखना चाहते हैं, तो नीम का दातुन आपके लिए बेहद फायदेमंद साबित हो सकता है।

कुदरती एंटी-बैक्टीरियल गुण और कीड़े से बचाव

नीम की छाल और उसकी पतली टहनियों में प्राकृतिक रूप से एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-फंगल और एंटी-सेप्टिक गुण पाए जाते हैं। जब हम नीम का दातुन चबाते हैं, तो उससे निकलने वाला कड़वा रस मुंह के अंदर मौजूद हानिकारक बैक्टीरिया को खत्म कर देता है। यही बैक्टीरिया दांतों में कैविटी यानी कीड़ा लगने और सड़न का सबसे बड़ा कारण बनते हैं। रोज सुबह नीम का दातुन करने से मुंह के अंदर कीटाणु पनप नहीं पाते और दांत लंबे समय तक सुरक्षित रहते हैं।

मसूड़ों को मजबूती और पायरिया से राहत

नीम का दातुन करने के लिए जब हम उसकी टहनी के आगे वाले हिस्से को कूचकर ब्रश जैसा बनाते हैं, तो उससे मसूड़ों की हल्की-हल्की मालिश होती है। इससे मसूड़ों में रक्त का संचार सही तरीके से होता है, जिससे मसूड़े मजबूत होते हैं। अगर किसी को मसूड़ों से खून आने, सूजन रहने या पायरिया की समस्या है, तो नीम का कसैला रस इन समस्याओं को जड़ से खत्म करने में मदद करता है। यह मसूड़ों की पकड़ दांतों पर मजबूत बनाए रखता है।

मुंह की बदबू से हमेशा के लिए छुटकारा

पेट की खराबी या मुंह में बैक्टीरिया जमा होने की वजह से कई लोगों को सांसों की बदबू का सामना करना पड़ता है। बाजार के टूथपेस्ट कुछ देर के लिए तो मुंह में ताजगी देते हैं, लेकिन बदबू की वजह को खत्म नहीं कर पाते। नीम का दातुन मुंह के टॉक्सिन्स को बाहर निकालता है और लार (सलाइवा) बनने की प्रक्रिया को बेहतर करता है। इससे मुंह का पीएच लेवल संतुलित रहता है और सांसों की दुर्गंध पूरी तरह खत्म हो जाती है।

दांतों का पीलापन दूर कर लाता है प्राकृतिक चमक

आजकल के सॉफ्ट प्लास्टिक ब्रश दांतों के कोनों तक ठीक से सफाई नहीं कर पाते और समय के साथ दांतों पर पीली परत जमने लगती है। नीम के दातुन के रेशे दांतों के बीच फंसी गंदगी को प्राकृतिक तरीके से बाहर निकाल देते हैं। नियमित रूप से इसका प्रयोग करने से दांतों पर जमा पीलापन साफ होने लगता है और दांत प्राकृतिक रूप से चमकदार और सफेद दिखने लगते हैं।

इस्तेमाल करने का सही तरीका

नीम का दातुन इस्तेमाल करने के लिए हमेशा एक उंगली जितनी मोटी और ताजी टहनी चुनें। उसे आगे से दांतों से धीरे-धीरे चबाकर ब्रश की तरह नरम बना लें। इसके बाद हल्के हाथों से दांतों और मसूड़ों पर रगड़ें। दातुन करने के बाद बनने वाले रस को थोड़ी देर मुंह में घुमाएं और फिर कुल्ला कर लें। हफ्ते में तीन से चार बार भी नीम का दातुन करने से आपके दांत और मसूड़े बिना किसी केमिकल के हमेशा स्वस्थ रहेंगे।

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